नई दिल्ली। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह चुनाव लोकतंत्र और संविधान को बचाने का चुनाव है। वहीं, पीएम का चेहरा पूछे जाने पर भी जवाब दिया।कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा यह चुनाव लोकतंत्र और संविधान को बचाने का चुनाव है। यह चुनाव बुनियादी रूप से अलग है। मुझे नहीं लगता कि संविधान और लोकतंत्र को इतना खतरा पहले कभी था जितना आज है। एक तरफ एनडीए और प्रधानमंत्री मोदी हैं जो संविधान और लोकतंत्र पर आक्रमण कर रहे हैं और दूसरी तरफ इंडिया गठबंधन है जो संविधान और लोकतंत्र की रक्षा करता है।
उन्होंने आगे कहा हमें यह समझना होगा कि देश की राजनीतिक ढांचे में हो क्या रहा है। आरएसएस, भाजपा और खासकर पीएम मोदी ने जो रणनीति बनाई है उसकी नींव क्या है, हमें यह समझना होगा। जिस तरह बंदरगाहों, बुनियादी ढांचे और रक्षा में अदाणी का एकाधिकार है, उसी तरह पीएम मोदी ने ईडी, सीबीआई और आयकर का उपयोग करके राजनीतिक वित्त में एकाधिकार बना लिया है।राहुल ने कहा मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि जो भ्रष्ट हैं वे भाजपा में शामिल हो रहे हैं, इसकी वजह यह है कि पीएम मोदी राजनीतिक वित्त एकाधिकार पर नियंत्रण रखना चाहते हैं। ये घोषणापत्र कांग्रेस पार्टी ने नहीं बनाया है, देश की जनता ने बनाया है। हमने बस इसे लिखा है। हमने हजारों लोगों से बात करने के बाद अपना घोषणापत्र बनाया है।
उन्होंने कहा कई राजनीतिक टिप्पणीकारों के विपरीत, मैं भविष्य की भविष्यवाणी नहीं कर सकता। पर मुझे विश्वास है कि यह मीडिया द्वारा प्रचारित किए जा रहे चुनाव की तुलना में काफी करीबी चुनाव है। यह एक करीबी चुनाव है, जिसे हम लड़ने जा रहे हैं और जीतेंगे भी। याद कीजिए कि जब वाजपेयी जी प्रधानमंत्री थे तब भी इसी तरह का प्रचार किया जा रहा था। एक इंडिया शाइनिंग’ अभियान चलाया गया था। याद करिए कि ‘इंडिया शाइनिंग’ अभियान का क्या हुआ था और याद कीजिए कि उस अभियान को किसने जीता था।’
उन्होंने दावा किया नरेंद्र मोदी ने पूरे विपक्ष को चुनावी बॉन्ड के जरिए एक ‘चार्जशीट’ पकड़ा दी है। इसलिए पीएम मोदी को थोड़ा डर लग रहा है। ऐसे में वह 400 पार की बात कर रहे हैं। उन्हें लग रहा है कि कहीं 180 या 160 हुआ तो नैया डूब जाएगी।
चुनाव के बाद गठबंधन तय करेगा पीएम का चेहरा
पीएम के चेहरे के बारे में पूछे जाने पर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा, ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस (इंडिया) गठबंधन ने फैसला लिया है कि हम एकजुट होकर यह वैचारिक चुनाव लड़ रहे हैं। चुनाव के बाद गठबंधन मिलकर तय करेगा कि नेता कौन होगा और कौन प्रधानमंत्री।’





