नई दिल्ली। महाराष्ट्र में चुनाव से पहले राजनीति गरमाई हुई है। एमवीए और महायुति एक दूसरे पर वार-पलटवार कर रहे हैं। इस बीच डिप्टी सीएम अजित पवार ने आज खुलकर अपने दिल की बात रखी है। उन्होंने अपने फेवरेट सीएम से लेकर चाचा शरद पवार के साथ खींचतान पर भी अपना मत रखा।
लोकसभा चुनावों में एनसीपी के निराशाजनक प्रदर्शन के बावजूद, अजित पवार इस विधानसभा चुनाव को लेकर काफी पॉजिटिव दिख रहे हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया के साथ एक साक्षात्कार के दौरान उन्होंने कहा कि इस बार के चुनाव में उनकी पार्टी काफी बेहतर नतीजे लाएगी।
2019 में दिल्ली में हुई बैठक के बारे में उन्होंने कहा कि प्रफुल्ल पटेल, गृह मंत्री अमित शाह, शरद पवार और देवेंद्र फड़नवीस के साथ ये बैठक हुई थी। उन्होंने कहा कि इस पर मैं कोई यू-टर्न नहीं ले रहा, बैठक हुई थी, लेकिन अडानी इसमें शामिल नहीं थे। सरकार गठन के लिए नई दिल्ली में कई बैठकें हुईं और मैंने प्रफुल्ल पटेल और अन्य के साथ कुछ बैठकों में भाग लिया। शरद पवार के बयान पर मेरी कोई टिप्पणी नहीं है, वह राज्य में निवेश के लिए उद्योगपतियों से मिल रहे हैं।
अजित पवार ने कहा कि मैंने कई सीएम के अधीन काम किया है, मेरी राय में विलासराव देशमुख जो दो मौकों पर सीएम रहे वो सबसे अच्छे सीएम थे। हम गठबंधन की राजनीति के युग में हैं और राष्ट्रीय स्तर या राज्य स्तर पर एक पार्टी की सरकार की कोई संभावना नहीं है। देशमुख ने गठबंधन सरकार का नेतृत्व करने की रणनीति विकसित की थी।





