नई दिल्ली। 30 जुलाई को केरल के वायनाड जिले में भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई है। अब तक इस प्राकृतिक आपदा में 300 से अधिक लोगों की जान जा चुकी और 264 लोग घायल हैं। अभी तक 199 शवों का पोस्टमार्टम हो चुका है। 74 शवों की पहचान नहीं हो सकी है।
केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज के मुताबिक 130 शवों के डीएनए नमूने भी जुटाए गए हैं। सभी अज्ञात शवों को कब्रिस्तान में दफनाया जाएगा।
सात गावों और एक नगरपालिक क्षेत्र में अज्ञात शवों को दफनाया जाएगा। इन शवों की पहचान नहीं हो सकी है। अधिकारियों के मुताबिक शवों को दफनाने के लिए कलपेट्टा नगरपालिका, व्याथिरी, मुत्तिल, कनियाम्बट्टा, पदिनजथारा, थोंडरनाड, एडवाका और मुलनकोल्ली ग्राम पंचायतों समेत कई गावों के कब्रिस्तानों में व्यवस्था की गई है।
सभी 74 अज्ञात शवों को मेप्पाडी ग्राम पंचायत में रखा गया है। इन शवों को स्थानीय स्वशासन सचिवों को सौंपा जाएगा। इसके बाद आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद इन्हें दफनाया जाएगा। पंजीकरण विभाग के महानिरीक्षक श्रीधन्या सुरेश को नोडल अधिकारी बनाया गया है। सुरेश के पास शवों के पंजीकरण और दफनाने की जिम्मेदार होगी।





