एमपी के मुख्यमंत्री बनने के बाद मोहन यादव पहली बार अपने गृहनगर उज्जैन पहुंचे। इस दौरान उन्होंने उज्जैन से जुड़े एक मिथक को भी तोड़ दिया।
दरअसल, उज्जैन को लेकर ऐसा माना जाता है कि यहां कोई भी मुख्यमंत्री में रात्रि विश्राम नहीं करता है। इसका एक बड़ा कारण बाबा महाकाल है। माना जाता है कि उज्जैन के राजा महाकाल हैं इसलिए यहां कोई भी सीएम रात के समय नहीं रूकता है। हालांकि, मोहन यादव ने इस मिथक को तोड़ते हुए उज्जैन में रात्रि विश्राम किया।
बता दें कि उज्जैन दौरे पर मुख्यमंत्री आज जिले के आला अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे। इस दौरान वह उज्जैन के विकास कार्यों के बारे में भी जानकारी लेंगे। सीएम के दौरे को देखते हुए उज्जैन में सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
उल्लेखनीय है कि मोहन यादव ने 13 दिसंबर को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। राज्य की कमान संभालने के बाद सीएम मोहन पहली बार उज्जैन दौरे पर पहुंचे हैं। उज्जैन उनका गृहनगर भी हैं। मोहन यादव उज्जैन दक्षिण से बीजेपी के विधायक हैं। वह तीसरी बार विधायक चुने गए हैं।





