उत्तर प्रदेश के मथुरा से आने वाले कोरियोग्राफर संजय एडम ने अपने डांस के जुनून और मेहनत के दम पर एक अलग पहचान बनाई है। टीवी पर डांस रियलिटी शो देखकर शुरू हुआ उनका सफर आज राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों तक पहुंच चुका है। संघर्ष, अभ्यास और निरंतर प्रयास के साथ उन्होंने अपने सपनों को हकीकत में बदलने की दिशा में लगातार कदम बढ़ाए हैं।
संजय एडम बताते हैं कि उन्होंने वर्ष 2012 से डांस की दुनिया में कदम रखा और शुरुआती तीन साल केवल अभ्यास में लगाए। 2015 में उत्तर प्रदेश के एक डांस प्रतियोगिता में विजेता बनने के बाद उनके आत्मविश्वास को नई उड़ान मिली। इसके बाद उन्होंने कई बड़े मंचों पर अपनी प्रतिभा दिखाई और यूएई, दुबई और अन्य अंतरराष्ट्रीय अवसरों तक पहुंचे। हालांकि कई बार किस्मत ने भी परीक्षा ली, जैसे फ्लाइट छूट जाने के कारण कुछ बड़े मंचों पर परफॉर्म करने का मौका हाथ से निकल गया, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और लगातार आगे बढ़ते रहे।
संजय का कहना है कि उन्होंने डांस की शुरुआत टीवी पर आने वाले रियलिटी शो देखकर की थी। बिना किसी औपचारिक गुरु के उन्होंने खुद अभ्यास कर अपनी शैली विकसित की और भगवान को ही अपना गुरु मानते हुए इस कला को आगे बढ़ाया। फ्री स्टाइल, बॉलीवुड और इंटरनेशनल डांस स्टाइल में उनकी खास पकड़ है। शादी और इवेंट्स में परफॉर्म करते हुए उन्होंने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा और धीरे-धीरे उन्हें कोरियोग्राफी के अवसर मिलने लगे।
आने वाले समय को लेकर संजय एडम का सपना मुंबई में रहकर फिल्मों के लिए कोरियोग्राफी करना है। वे मानते हैं कि मुंबई कलाकारों के लिए बड़ा मंच है, जहां संघर्ष जरूर है लेकिन अवसर भी उतने ही बड़े हैं। लॉकडाउन के कारण उन्हें वापस मथुरा लौटना पड़ा, लेकिन अब वे फिर से मुंबई जाकर अपने सपनों को पूरा करना चाहते हैं और बॉलीवुड में अपनी अलग पहचान बनाना चाहते हैं।





